
सीएए वापस नहीं हुआ तो शाह को कोलकाता हवाईअड्डे से बाहर कदम नहीं रखने देंगे: जमीयत उलेमा ए हिंद
मंगलवार, 24 दिसंबर 2019
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राज्य के पुस्तकालय सेवा मंत्री ने दावा किया कि संगठन का प्रदर्शन लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण होगा। उन्होंने कहा, 'हमलोग हिंसक प्रदर्शनों में यकीन नहीं करते हैं लेकिन निश्चित रूप से हमलोग सीएए और राष्ट्रीय नागरिक पंजीकरण (एनआरसी) का जी जान से विरोध करेंगे।'
कोलकाता
पश्चिम बंगाल के मंत्री और जमीयत-ए-हिंद के प्रदेश अध्यक्ष सिद्दिकउल्ला चौधरी ने रविवार को धमकी दी कि अगर नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) को फौरन वापस नहीं लिया गया तो जब भी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह यहां के दौरे पर आयेंगे तो उन्हें हवाईअड्डे से बाहर कदम नहीं रखने दिया जाएगा।
चौधरी ने कहा कि यह विवादित कानून मानवता और देश में 'बरसों से रह रहे''नागरिकों के खिलाफ है। सीएए के विरोध में जमीयत-ए-हिंद की रैली में उन्होंने कहा, 'अगर जरूरत पड़ी तो हम लोग उन्हें (शाह को) शहर के हवाईअड्डे के बाहर कदम नहीं रखने देंगे। उन्हें रोकने के लिए हमलोग एक लाख लोग को वहां जमा कर सकते हैं।'
राज्य के पुस्तकालय सेवा मंत्री ने दावा किया कि संगठन का प्रदर्शन लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण होगा। उन्होंने कहा, 'हमलोग हिंसक प्रदर्शनों में यकीन नहीं करते हैं लेकिन निश्चित रूप से हमलोग सीएए और राष्ट्रीय नागरिक पंजीकरण (एनआरसी) का जी जान से विरोध करेंगे।'
ममता का शुक्रिया
मंत्री ने कहा कि बीजेपी को लोगों ने पहले ही नकार दिया है। उन्होंने कहा, 'कोलकाता समेत देश भर में हो रहे प्रदर्शनों को देखें।' चौधरी ने रानी रासमोनी एवेन्यू में रैली को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के '56 इंच के सीने' ने देश के लोगों को निराश किया है क्योंकि वह 'नफरत और विभाजन की राजनीति' कर रहे हैं। रैली में वक्ताओं ने सीएए और एनआरसी के विरोध में सड़कों पर उतरने के लिए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का शुक्रिया अदा किया।
पश्चिम बंगाल के मंत्री और जमीयत-ए-हिंद के प्रदेश अध्यक्ष सिद्दिकउल्ला चौधरी ने रविवार को धमकी दी कि अगर नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) को फौरन वापस नहीं लिया गया तो जब भी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह यहां के दौरे पर आयेंगे तो उन्हें हवाईअड्डे से बाहर कदम नहीं रखने दिया जाएगा।
चौधरी ने कहा कि यह विवादित कानून मानवता और देश में 'बरसों से रह रहे''नागरिकों के खिलाफ है। सीएए के विरोध में जमीयत-ए-हिंद की रैली में उन्होंने कहा, 'अगर जरूरत पड़ी तो हम लोग उन्हें (शाह को) शहर के हवाईअड्डे के बाहर कदम नहीं रखने देंगे। उन्हें रोकने के लिए हमलोग एक लाख लोग को वहां जमा कर सकते हैं।'
राज्य के पुस्तकालय सेवा मंत्री ने दावा किया कि संगठन का प्रदर्शन लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण होगा। उन्होंने कहा, 'हमलोग हिंसक प्रदर्शनों में यकीन नहीं करते हैं लेकिन निश्चित रूप से हमलोग सीएए और राष्ट्रीय नागरिक पंजीकरण (एनआरसी) का जी जान से विरोध करेंगे।'
ममता का शुक्रिया
मंत्री ने कहा कि बीजेपी को लोगों ने पहले ही नकार दिया है। उन्होंने कहा, 'कोलकाता समेत देश भर में हो रहे प्रदर्शनों को देखें।' चौधरी ने रानी रासमोनी एवेन्यू में रैली को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के '56 इंच के सीने' ने देश के लोगों को निराश किया है क्योंकि वह 'नफरत और विभाजन की राजनीति' कर रहे हैं। रैली में वक्ताओं ने सीएए और एनआरसी के विरोध में सड़कों पर उतरने के लिए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का शुक्रिया अदा किया।