
कभी पिता संग किसानी करते थे कार्तिक त्यागी, अब करिश्माई बोलिंग से U19 विश्व कप में मचाया 'गदर' अंडर-19 वर्ल्ड कप के पहले क्वार्टर फाइनल मुकाबले में भारतीय टीम के तेज गेंदबाज कार्तिक त्यागी ने कंगारू टीम के होश फाख्ता कर दिए। कार्तिक त्यागी उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले के रहने वाले हैं। Published By Himanshu Tiwari | नवभारतटाइम्स.कॉम | Updated: 29 Jan 2020, 10:16:00 AM IST facebooktwitteremail सुर्खियों में छा गए त्यागी सुर्खियों में छा गए त्यागी हाइलाइट्स आईसीसी अंडर-19 वर्ल्ड कप के पहले क्वार्टर फाइनल मुकाबले में कार्तिक त्यागी का शानदार प्रदर्शन कार्तिक एक गरीब किसान परिवार से ताल्लुक रखते हैं, वह उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले के रहने वाले हैं राष्ट्रीय टीम में कार्तिक त्यागी के चयन तक का सफर काफी मुश्किल भरा रहा है, कार्तिक बोले- कई दिक्कतों का सामना किया पहले क्वॉर्टर फाइनल मुकाबले में 17 के स्कोर तक पहुंचते-पहुंचते ऑस्ट्रेलिया के चार बल्लेबाज पविलियन लौट चुके थे हापुड़ आईसीसी अंडर-19 वर्ल्ड कप दक्षिण अफ्रीका में खेला जा रहा है और टीम इंडिया ने धमाल मचाते हुए सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया है। टूर्नमेंट के पहले क्वॉर्टर फाइनल मुकाबले में भारत ने 3 बार की चैंपियन ऑस्ट्रेलिया को 74 रनों से करारी शिकस्त दी। उसकी जीत के हीरो रहे तेज गेंदबाज कार्तिक त्यागी। उत्तर प्रदेश के इस होनहार ने 8 ओवर में महज 24 रन देते हुए 4 विकेट झटके और 233 रनों आसान लक्ष्य का पीछा करने उतरी कंगारू टीम को 159 रनों पर समेटने में अहम भूमिका निभाई। मैन ऑफ द मैच रहे त्यागी के बारे में बहुत कम लोग जानते होंगे कि वह कभी अपने पिता के साथ खेतों में काम करते थे। लेटेस्ट कॉमेंट कार्तिक त्यागी ने अपनी सफलता का श्रेय अपने मार्ग दर्शक दीपक चौहान को देकर गुरू शिष्य की भारतीय परंपरा को भी सार्थक किया है। कार्तिक के पिता योगेंद्र त्यागी, माता नीलम त्यागी, बहन न...+ Avi Sharma सभी कॉमेंट्स देखैंअपना कॉमेंट लिखेंपिता के साथ खेतों में काम करते थे त्यागी कार्तिक का बोरे ढोने वाले मजदूर से जूनियर इंटरनैशनल टीम में सिलेक्शन तक का सफर आसान नहीं रहा। कार्तिक एक गरीब किसान परिवार से आते हैं। कार्तिक को क्रिकेट की ट्रेनिंग दिलाने के लिए उनके पिता योगेंद्र ने ढेरों दिक्कतों का सामना करना किया है। एक वह वक्त भी था जब त्यागी अपने पिता के खेतों में उनकी मदद करते थे। इन सभी स्ट्रगल के बीच एक बात तय थी कि वह क्रिकेटर बनना चाहते थे। कहते हैं न जहां चाह है वहीं राह है... यह सच भी साबित हुआ। कूच बेहार के बाद रणजी का सफर, यह रहा टर्निंग पॉइंट 17 वर्ष की उम्र में त्यागी ने कूच बिहार ट्रोफी में शानदार प्रदर्शन किया और उत्तर प्रदेश की रणजी ट्रोफी टीम में जगह बनाई। इसके बाद उन्होंने अपनी टीम की जीत के लिए पूर्व में चैंपियन रहे विदर्भ के खिलाफ भी बेहतरीन गेंदबाजी की। इसके साथ ही कार्तिक की जिंदगी बदल गई। कार्तिक ने पहली बार पिछले वर्ष जून-जुलाई में अंडर-19 टीम में चयन के बाद उन्होंने बताया था, 'मुझे बीसीसीआई मैनेजर अमित सिद्धेश्वर सर का फोन आया था और उन्होंने मुझे बताया कि मेरा सिलेक्शन अंडर-19 टीम में हो गया है। मैंने और मेरे पिता ने इस मुकाम तक पहुंचने के लिए ढेरों समस्याओं का सामना किया है। बचपन से मुझे क्रिकेट पसंद था, यह सबकुछ मेरे पिता ने देखआ और मेरा साथ दिया।' ऐसा रहा मैच का रोमांच क्वॉर्टर फाइनल के पहले मुकाबले में भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवरों में 9 विकेट के नुकसान के साथ 233 रनों का स्कोर बनाया। इस स्कोर का पीछा करने उतरी कंगारू टीम ने त्यागी के पहले ही ओवर में तीन विकेट खो दिए। जेक फ्रेजर मैकगर्क पहली ही गेंद पर रनआउट हुए, जिसके बाद कैप्टन मैकेंजरी हार्वे 4 रनों के साथ कार्तिक त्यागी की गेंदबाजी का शिकार हो गए। इसी ओवर में लचलम हीर्वे को भी त्यागी ने पविलियन का रास्ता दिखा दिया। 17 के स्कोर तक पहुंचते-पहुंचते ऑस्ट्रेलिया के चार बल्लेबाज पविलियन लौट चुके थे। NBT कार्तिक त्यागी मैन ऑफ द मैच बने कार्तिक भारत ने कंगारू टीम को 43.3 ओवरों में 159 रनों पर ऑल आउट कर दिया। भारत की ओर से कार्तिक त्यागी ने चार और आकाश सिंह ने तीन विकेट लिए। कार्तिक त्यागी 8 ओवरों में 24 रन देते हुए 4 विकेट अपने नाम किए। इसके लिए उन्हें मैन ऑफ द मैच दिया गया। कार्तिक त्यागी उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले के धनौरा क्षेत्र के निवासी हैं। त्यागी 13 वर्ष की उम्र में इस खेल के साथ जुड़ गए थे।
गुरुवार, 30 जनवरी 2020
Edit
हापुड़
आईसीसी अंडर-19 वर्ल्ड कप दक्षिण अफ्रीका में खेला जा रहा है और टीम इंडिया ने धमाल मचाते हुए सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया है। टूर्नमेंट के पहले क्वॉर्टर फाइनल मुकाबले में भारत ने 3 बार की चैंपियन ऑस्ट्रेलिया को 74 रनों से करारी शिकस्त दी। उसकी जीत के हीरो रहे तेज गेंदबाज कार्तिक त्यागी। उत्तर प्रदेश के इस होनहार ने 8 ओवर में महज 24 रन देते हुए 4 विकेट झटके और 233 रनों आसान लक्ष्य का पीछा करने उतरी कंगारू टीम को 159 रनों पर समेटने में अहम भूमिका निभाई। मैन ऑफ द मैच रहे त्यागी के बारे में बहुत कम लोग जानते होंगे कि वह कभी अपने पिता के साथ खेतों में काम करते थे।
पिता के साथ खेतों में काम करते थे त्यागी
कार्तिक का बोरे ढोने वाले मजदूर से जूनियर इंटरनैशनल टीम में सिलेक्शन तक का सफर आसान नहीं रहा। कार्तिक एक गरीब किसान परिवार से आते हैं। कार्तिक को क्रिकेट की ट्रेनिंग दिलाने के लिए उनके पिता योगेंद्र ने ढेरों दिक्कतों का सामना करना किया है। एक वह वक्त भी था जब त्यागी अपने पिता के खेतों में उनकी मदद करते थे। इन सभी स्ट्रगल के बीच एक बात तय थी कि वह क्रिकेटर बनना चाहते थे। कहते हैं न जहां चाह है वहीं राह है... यह सच भी साबित हुआ।
कूच बेहार के बाद रणजी का सफर, यह रहा टर्निंग पॉइंट
17 वर्ष की उम्र में त्यागी ने कूच बिहार ट्रोफी में शानदार प्रदर्शन किया और उत्तर प्रदेश की रणजी ट्रोफी टीम में जगह बनाई। इसके बाद उन्होंने अपनी टीम की जीत के लिए पूर्व में चैंपियन रहे विदर्भ के खिलाफ भी बेहतरीन गेंदबाजी की। इसके साथ ही कार्तिक की जिंदगी बदल गई। कार्तिक ने पहली बार पिछले वर्ष जून-जुलाई में अंडर-19 टीम में चयन के बाद उन्होंने बताया था, 'मुझे बीसीसीआई मैनेजर अमित सिद्धेश्वर सर का फोन आया था और उन्होंने मुझे बताया कि मेरा सिलेक्शन अंडर-19 टीम में हो गया है। मैंने और मेरे पिता ने इस मुकाम तक पहुंचने के लिए ढेरों समस्याओं का सामना किया है। बचपन से मुझे क्रिकेट पसंद था, यह सबकुछ मेरे पिता ने देखआ और मेरा साथ दिया।'
ऐसा रहा मैच का रोमांच
क्वॉर्टर फाइनल के पहले मुकाबले में भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवरों में 9 विकेट के नुकसान के साथ 233 रनों का स्कोर बनाया। इस स्कोर का पीछा करने उतरी कंगारू टीम ने त्यागी के पहले ही ओवर में तीन विकेट खो दिए। जेक फ्रेजर मैकगर्क पहली ही गेंद पर रनआउट हुए, जिसके बाद कैप्टन मैकेंजरी हार्वे 4 रनों के साथ कार्तिक त्यागी की गेंदबाजी का शिकार हो गए। इसी ओवर में लचलम हीर्वे को भी त्यागी ने पविलियन का रास्ता दिखा दिया। 17 के स्कोर तक पहुंचते-पहुंचते ऑस्ट्रेलिया के चार बल्लेबाज पविलियन लौट चुके थे।
मैन ऑफ द मैच बने कार्तिक
भारत ने कंगारू टीम को 43.3 ओवरों में 159 रनों पर ऑल आउट कर दिया। भारत की ओर से कार्तिक त्यागी ने चार और आकाश सिंह ने तीन विकेट लिए। कार्तिक त्यागी 8 ओवरों में 24 रन देते हुए 4 विकेट अपने नाम किए। इसके लिए उन्हें मैन ऑफ द मैच दिया गया। कार्तिक त्यागी उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले के धनौरा क्षेत्र के निवासी हैं। त्यागी 13 वर्ष की उम्र में इस खेल के साथ जुड़ गए थे।