
'हमरो आंसू नईखे रुकत', लॉकडाउन में फंसे बिहारियों का दर्द देख भावुक हुईं राबड़ी
गुरुवार, 26 मार्च 2020
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पटना
कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने की खातिर किए गए लॉकडाउन से गरीब तबका बुरी तरह प्रभावित हुआ है। सबसे ज्यादा परेशान वो लोग हैं जो दूसरे राज्य में जाकर मजदूरी कर रहे थे। इन लोगों में बड़ी संख्या बिहार के दिहाड़ी मजदूरों की है। कई जगहों से रिपोर्ट्स हैं कि ये लोग पैदल ही अपने घरों की ओर निकल पड़े हैं। कुछ वीडियोज भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं जिनमें परेशान होकर लोग रो पड़ते हैं। बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने केंद्र और राज्य सरकार से हाथ जोड़कर अपील की है कि वे 'भगवान की खातिर बाहर फंस गए बिहार के लोगों के रहने और खाने का इंतजाम करें।' उन्होंने ट्विटर पर कहा कि 'इन गरीबों के आंसू देखकर मेरे आंसू भी रुक नहीं रहे हैं।'
सीएम नीतीश ने मदद को उठाया कदम
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गुरुवार को सीएम रिलीफ फंड से 100 करोड़ रुपये जारी किए हैं। इन पैसों का इस्तेमाल राज्य के भीतर मजदूरों, रिक्शा चालकों, वेंडर्स व गरीबों के लिए आपदा राहत केंद्र बनाने और रहने-खाने की व्यवस्था में किया जाएगा। जो लोग बिहार के बाहर फंसे हैं या कहीं रास्ते में हैं, उन्हें रेजिडेंट कमिश्नर के जरिए संबंधित राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन से कोऑर्डिनेट कर वहीं पर भोजन और रहने की सुविधा मुहैया कराई जाएगी। इसका खर्च बिहार सरकार वहन करेगी।
लॉकडाउन नहीं माना, अफवाह फैलाई तो ये होगा अंजामअगर कोई लॉकडाउन के दौरान बेवजह बाहर निकलता है तो उसके खिलाफ क्या कार्रवाई की जाएगी। टॉप न्यूज़ में देखिए इस खबर को विस्तार से, साथ ही कुछ अन्य बड़ी खबरें।
जारी की गई हेल्पलाइन
अधिकारियों की एक टीम बनाकर बाहर फंसे बिहारियों की मदद की जाएगी। एक अनुमान के अनुसार, दिल्ली में करीब 400, बंगाल में लगभग 500, पंजाब में 400 दिहाड़ी मजदूर, तमिलनाडु में 250 और अन्य जगह पर काम करने वाले लोग फंसे हुए हैं। इन्हें बिहार ला पाना फिलहाल संभव नहीं है। सरकार ने दो नंबर भी जारी किए हैं। दूसरे राज्यों में फंसे बिहार के लोग 981831252 और 9773711261 पर कॉल कर सहायता मांग सकते ह
मदद न पहुंचाने पर ट्रोल हुए थे नीतीश
सोशल मीडिया पर सीएम नीतीश कुमार की खासी आलोचना हो रही थी। बुधवार को ट्विटर पर #ShameOnNitishKumar ट्रेंड हो रहा था। नीतीश के पुराने सहयोगी रहे प्रशांत किशोर ने बुधवार को ट्वीट कर पूछा था कि सरकार दूसरे राज्यों में फंसे बिहारियों की मदद क्यों नहीं कर रही है। उन्होंने लिखा था, "दिल्ली और अन्य कई जगहों पर बिहार के सैकड़ों गरीब लोग लॉकडाउन की वजह से फंसे हुए हैं। नीतीश कुमार जी, जब दुनिया भर की सरकारें अपने लोगों की मदद कर रही हैं, बिहार सरकार इन लोगों को इनके घरों तक पहुंचाने अथवा जहां ये लोग हैं वहीं कुछ फौरी राहत की व्यवस्था क्यों नहीं कर रही है?
राज्य में अब तक कोरोना के 6 मरीज
बिहार में कोरोना वायरस पॉजिटिव मरीजों की संख्या छह हो गई है। मुंगेर के रहने वाले दो और मरीजों को कोरोना पॉजिटिव पाया गया है। बुधवार को भेजे गए सैंपलों में से 128 सैंपलों की रिपोर्ट नेगेटिव आई जबकि दो में कोरोना वायरस की पुष्टि हुई। राज्य के छह पॉजिटिव मरीजों में से तीन मुंगेर और तीन राजधानी पटना के हैं। इनमें से मुंगेर के रहने वाले एक मरीज की मौत हो चुकी है।